Libro · प्रेमचंद की सर्वश्रेष्ठ कहानियाँ
Pagina 97 de 251
Autor: प्रेमचंद
Tiempo0:00
Velocidad (WPM)0.0
Precisión100.0%
Pulsa iniciar y escribe las líneas exactamente. · Retroceso desactivado — continua incluso tras un error.
मुझे तो चक्कर आ जाता था, लेकिन घंटे-दो-घंटे के बाद निराशा के बादल
फट जाते और मैं इरादा करता कि आगे से खूब जी लगाकर पढूँगा। चटपट एक
टाइम-टेबिल बना डालता। बिना पहले से नक्शा बनाये, कोई स्कीम तैयार
किये काम कैसे शुरू करूँ। टाइम-टेबिल में खेल-कूद की मद बिलकुल उड़
जाती। प्रातःकाल उठना, छः बजे मुँह-हाथ धो, नाश्ता कर, पढ़ने बैठ
जाना। छः से आठ तक अँग्रेजी, आठ से नौ तक हिसाब, नौ से साढ़े नौ तक
इतिहास, फिर भोजन और स्कूल। साढ़े तीन बजे स्कूल से वापस होकर आध
घण्टा आराम, चार से पाँच तक भूगोल, पांच से छः तक ग्रामर, आध घण्टा
होस्टल के सामने ही टहलना, साढ़े छः से सात तक अँग्रेजी कम्पोजीशन,
फिर भोजन करके आठ से नौ तक अनुवाद, नौ से दस तक हिन्दी, दस से
ग्यारह तक विविध विषय, फिर विश्राम।
Pulsa iniciar y escribe las líneas exactamente.
Sin iniciar